देश और दुनिया कब क्या नए चलन आएंगे ये कोई नही जानता | पुराने ज़माने में महिलाये बहोत ही ज्यादा बंधिशो में थी समाज और परिवार में उन्हें सभी मर्यादाओ का पालन करना पड़ता था काफी पैमाने पर आज भी महिलाये अपने परिवार में सुरक्षित महसूस करती है | समय के साथ अनेक महिलाये अपने काम या पारिवारिक जिम्मेदारिया निभाते निभाते सामाजिक संघटनो में काम करती है | कुछ महिलाये किसी संघटन में नौकरी पेशा काम करती है तो कुछ महिलाये अपने समय को व्यस्त करने हेतु उस संघटन के द्वारा अपने पैसे और समय को सही दिशा में लगाने के लिए व्यस्त हो जाती है | बहोत से परिवारों में सिमित 3 या 4 लोगो का परिवार होता है उसमे समय रहते बच्चे बड़े हो जाते है और देश के बड़े शहरों में या विदेश पढाई करने चले जाते है | पति अपने नौकरी या व्यापार के सिलसिले में व्यस्त रहते है | ऐसी परिस्थिति में घर में रहने वाली अकेली स्त्री अपने समय को , अपने आप को कही न कही व्यस्त करना चाहती है | जरुरत हो या न हो पर घर में अकेले तो पूरा समय नही बिताया जा सकता है इसलिए कुछ महिलाये किटी पार्टीज करती है | कुछ महिलाये किसी सामाजिक संघटन के साथ जुड़ जाती है | काफी आमिर महिलाये जिनके पास काफी सारा पैसा अपने परिवार द्वारा निरंतर कमाया जाता है ऐसी महिलाये अपने पैसे को अपने मनोरंजन के लिए खर्च करना चाहती है | खर्च करने के लिए किसी भी चीज की खरीदी करना फिर वो चीज उनके ही काम की नही क्यों न हो | हर दिन ब्यूटी पार्लर जाना या मसाज पार्लर जाना ये इनके शौक होते है | समय बिताने के लिए कुछ न कुछ नये तरीके ये लोग समय रहते खोज ही लेते है | इतिहास को गौर से देखे तो वेश्यावृत्ति का चलन पुराने ज़माने से चलता आ रहा है | स्त्री के चरित्र को लेकर कोई धारना बन जाती है तो वो स्त्री यदी अपना शरीर अपने मर्जी से कुछ समय के लिए किसी पुरुष के हवाले कर देती है तो उस स्त्री को वेश्या कहा गया है जो की उसने पैसे कमाने का उसका व्यापार बना लिया है | मगर समाज में आज जिगोलो नाम का एक नया व्यापार जो की कई सालो से चोरी छिपे चल तो रहा था मगर आज बड़े से धड़ल्ले से दुनिया में तेजी से अपने हाथ पाव पसारे जा रहा है |
साथियो आप जानते है जिगोलो बाजार क्या होता है यदी नही तो जरुर जानिए क्या होता है जिगोलो बाजार | आमिर घरो की महिलाये जिनमे शादीशुदा और कुवारी लडकिया भी शामिल है जिनके पास काफी बड़ी मात्रा में पैसा होता है | शायद उनकी अपनी भी कुछ मजबूरिया होती है के वे अपने पारिवारिक जीवन में उन सुखो से महरूम होती है जिनकी वो हक़दार होती है | शादीशुदा महिलाओ के पति अपने व्यापार या बड़े पदों पर होने से ज्यादातर समय अपने कम में व्यस्त ही होते है ऐसे में अपने पत्नी को वो समय नही दे पाते | जरूरते हो या न हो पर पैसो के लिए उन्हें कभी पति से मांगना नही पड़ता और न ही हिसाब देना पड़ता है | अपने अकेले जीवन में खुशिया भरने क नाम पर ऐसी महिलाये किसी पुरुष का साथ चाहती है | जो उन्हें घुमाये फिराए अपने मन की बाते ख़ुशी से सुने जिसकी वजह से उन्हें जीवन में आनंद मह्सुस हो जिस तरह छोटे बच्चो को खिलोनो से आनंद मिलता है उसी तरह आनंद पाने की हर किसी में लालसा होती है | लेकिन समाज में बड़ा नाम होने से ये महिलाये ऐसा कोई काम नही करना चाहती जिसके वजह से समाज में उनकी बदनामी हो या उन्हें शर्मिंदगी उठानी पड़े | उनकी इसी जरुरत को ध्यान में रखकर कुछ लोगो ने जिगोलो क्लब की नीव रखी | कैसे चलता है जिगोलो क्लब का काम तो चलिए जानते है | सबसे पहले तो सोशल मिडिया के द्वारा आपकी जानकारी इकट्ठी की जाती है | जिसमे ज्यादातर मध्यम उम्र २५ साल से ४५ साल के पुरुष ज्यादातर होते है | या किसी भी उम्र के पुरुष की सभी जानकारी के माध्यम से जिगोलो क्लब में फोन द्वारा एंट्री रजिस्टर हो जाती है | एक महीने, तिन महीने ,छ महीने या एक साल या उससे ज्यादा समय के लिए एंट्री रजिस्टर हो जाती है जिसके लिए १५००/- रुपयों से लेकर ३५०००/- रुपये तक फीस ली जाती है | आपके लुक और भाषा ज्ञान रहन सहन पर काफी ध्यान दिया जाता है | आपकी भाषा और महिलाओ के प्रति आपका रवय्या ध्यान में रखा जाता है | आपके गूगल पर पोस्ट किये गए फोटो से या आपके द्वारा चलाये जाने वाले ब्लॉग या youtube या किसी प्रकार से सोशल प्लेटफार्म से आपकी अधिक से अधिक जानकारी ली जाती है यदी आप दिखने में बड़े ही सुन्दर या आकर्षक होते है तो आपकी जानकारी इकट्ठा की जाती है | यदी आप माँडलिंग का शौक रखते है जैसे की आपकी मुछ, दाढ़ी या विशेष प्रकारके सूट पहनना या जिम बॉडी बनी तस्वीरे हमेशा पोस्ट करना ये सब जिगोलो क्लब के लिए बढ़िया जानकारी होती है | आपके द्वारा सोशल मिडिया पर की गई जानकारी को इकट्ठा करने के बाद एक लड़की आपको फोन करती है और आपके बारे में थोड़ी जानकारी मांगती है | एक सवाल आपसे करती सर क्या आप अपना जिगोलो के लिए नामांकन करना चाहेंगे | काफी लोगो के लिए जिगोलो ये शब्द नया होता है | शायद थोडा बहोत कही पढ़ा होता है पर शायद ज्यादा जानकारी नही होती इसलिए सामान्यतः वो व्यक्ति जिगोलो के बारे अधिक जानकारी जानना चाहता है | लड़की जानकारी देती है की जिगोलो एक ऐसा प्लेटफार्म है जहा पर ऊँची और आमिर घरो की महिलाये आपसे दोस्ती करना चाहती है | वो आपके साथ अपना कुछ समय बिताना चाहती है | आपके समय के अनुसार यदि आप उनके साथ 3 घंटे या उससे ज्यादा समय बिता सके जैसे की उन्ही की कार में साथ में घुमाना फिरना खाना खाना सभी प्रकार के खर्च वो करेंगी आपको केवल उनके साथ रहना है | या आपके के रजामंदी से शारीरिक सम्बन्ध बनाना चाहे तो आप वो भी कर सकते है | इसके लिए वो महिला आपको एक समय के मीटिंग के लिए १५०००/- रुपये देगी | नामांकन के अनुसार यदी आप एक माह का नामांकन करते है तो आपको एक महीने में कम से कम 4 मीटिंग दी जाती है और अगर आप 3 माह के लिए नामांकन करते है तो आपको १५ से २० मीटिंग दी जाती है | आपकी पहचान गुप्त रखी जाती है ऐसा उन लोगो का कहना होता है | एकबार जिगोलो क्लब में नामांकन होने पर आपको किसी महिला का फोन आता है और वो आपसे आपका पासवर्ड मांगती है जो की जिगोलो क्लब से कम्पूटर सिस्टम द्वारा तयार होता है जो सिर्फ उस महिला और उस जिगोलो पुरुष के पास मोबाइल पर आता है | दोनों पासवर्ड्स मिल जाने पर सिस्टम उन को वेरीफाई कर देता है | और दोनों एक दुसरे पर विश्वास कर एक दसरे से मिलने की जगह तय कर लेते है | अपनी सुविधा के अनुसार जिगोलो और महिला जैसे चाहे जहा चाहे घुमे या फिरे वो उनकी निजी बाते होती है इसमे जिगोलो क्लब का कोई हस्तक्षेप नही होता | समय निर्धारण के अनुसार जब जिगोलो का समय पूर्ण होता है तो फिर से एक पासवर्ड दोनों के मोबाइल पर आता है यदी महिला जिगोलो से संतुस्ट हो जाती है तो पासवर्ड सबमिट करने पर अपना अभिप्राय देना जरुरी होता है | भविष्य में वही जिगोलो चाहिए या नही ये भी अभिप्राय देना होता है | यदी किसी भी कारण से जिगोलो की सेवा संतुस्टमय नही होती है तो ऐसे परिस्थिति में उस जिगोलो को पैसे दे या न दे ये उस महिला पर निर्भर करता है | मगर ज्यादातर मामलो में जिगोलो को पैसे मिल ही जाते है जिगोलो क्लब २० से ३० प्रतिशत कमीशन खुद रख लेता है और बाकी पैसा जिगोलो को मिल जाता है | मेडिकल या इंजीनियरिंग करने वाले लड़को की संख्या बड़े पैमाने पर होती है ऐसे सर्वे के आंकडे बताते है |
अब हम बात करते है एक बेबाक जिगोलो बाजार की जिसमे केवल पुरुषो से शरीरीक सुख पाने के लिए थोड़े समय के लिए खुले तौर पर पुरुषो का रात के समय जिगोलो और खरीददार के साथ सीधा संबंध बाजार होता है | दिल्ली में ये जिगोलो बाजार दिल्ली के पॉश इलाको में लगता है साऊथ एक्स्टेन्शन ,जनकपुरी डिस्ट्रिक्ट ,कनाट प्लेस, JNU रोड, INS अंसल प्लाजा ऐसे पॉश इलाको में साथ ही साथ सरोजिनी नगर,कमला नगर मार्केट, लाजपत, नगर, पालिका मार्केट, रास्तो पर धड़ल्ले से रात १० बजे से सुबह 4 बजे तक जिगोलो बाजार लग रहा है 3 घंटो के लिए १८०० रुपये से लेकर ३००० रुपये और एक रात के लिए ८००० रुपये तक जिगोलो को दिए जाते है | सिक्स पैक शारीरवाले युवक के लिए तो एक दिन के १५००० रुपये तक दिए जाते है कॉलेज जाने वाले लडके यहाँ आकर खड़े होते है बड़ी बड़ी गाड़िया आती है उनमे जिगोला बैठता है गाड़ी में ही सौदा तय होता है और सौदा तय होते ही गाड़ी अपने मुकाम की तरफ चल पड़ती है | जिगोलो अपने गले में लाल रंग के पट्टे और रुमाल बांधते है यही उनकी पहचान होती है | जिगोलो की डिमांड उसके पट्टे पर होती है | एक सर्वे के अनुसार १९९२ में कंडोम की बिक्री केवल २८ प्रतिशत होती थी २०११ में ये देखा गया की ये आंकड़ा ८६ प्रतिशत हो गया है और अब २०२१ में ये आंकड़ा शायद ९० प्रतिशत को पार कर गया होगा | ऐसा ये जिगोलो व्यापार बड़े ही तेजी से भारत में बढ़ रहा है | महिलाओ की वेश्यावृत्ति को अगर गलत मानते है तो ये जिगोलो भी एक पुरुषो की वेश्यावृत्ति ही है | इसमे सामान्यतः शारीरिक सम्बन्ध ही बड़े तौर पर बनाये जाते है| बड़े पैमाने पर शारीरिक सम्बन्ध के लिए ही जिगोलो को बुक किया जाता है | शरीर के मजे के साथ खाने, पिने घुमाने की आज़ादी पाने के लिए आमिर घर की महिलाये ये सब करती है | गरीब घरो के लडके या पुरुष काफी कम समय में आमिर होने के लिए या अपनी आर्थिक जरुरत को पूर्ण करने के लिए, बेरोजगारी के माहौल में और अधिक समय नही देना चाहते और अपने आप को जिगोलो के बाजार में धकेलते जा रहे है | शारीर का ब्रम्हचर्य इससे खंडित हो रहा है | महीने में काफी दिन व्यस्त होने से जिगोलो के शरीर पर इसका बुरा प्रभाव और HIV का खतरा निरंतर बना रहता है | जिगोलो का खेल हमारे समाज को धीरे धिरे खोखला कर रहा है | पहले यह काम केवल बड़े बड़े शहरों में होता था मगर इस मोबाइल युग में ये काम अब ग्रामीण इलाको तक पहोच गया है |बड़े पैमाने पर नौजवान जिगोलो के काम के लिए घर से कई दिनों तक लापता रहते है घर में झूट का बहाना बनाते है यदी किसी के घर में आपको लड़का या पति बिना किसी सही कारण दिए घर से लापता रहता है तो उसे कुछ दिन जरुर निगरानी में रहे जब वो कारण दिए पते पर ही जाता है या कही और जाता ही इसकी जानकारी ले | समय रहते अगर आप अपने लडके या पति की सुध नही लेंगे उन्हें इसकी लत लग जाती है | कम समय में ज्यादा पैसे देने वाले काम तो अपनी कीमत समय रहते वसूल ही करते है | यह लेख सोशल मिडिया पर उपलब्ध जानकारी को इकट्ठा करके लिखा गया है | इस में कुछ जानकारी पुर्णतः सही या गलत भी हो सकती है | यदी ऐसा होता है तो यह केवल एक इत्तफाक हो सकता है | अधिक जानकारी मिलने पर दर्शको के लिए जानकारी उपलब्ध कर दी जाएगी | www.vinoddahare.blogspot.com

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